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जय मिथिला जय मैथिली

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बुधवार, 11 जनवरी 2012

अन्हारक अर्थ

अन्हार भिन्न-भिन्न संदेश दै छै सब कए
जेहन सोच,जेहन काज,तेहन अर्थ
चोरक लेल चोरिक समय
प्रेमी लेल जोड़ा-जोड़ीक समय
जानवरक लेल शिकार कए
पहरा देब पहरेदार कए
गृहस्थ लेल आराम कए
सन्याश लेल राम कए
गायकक लेल रियाज कए
बिछुरल मितक लेल विरह कए
विद्यार्थी के लेल पढाई कए
कवि कए लेल रचनाई कए
जहिना अनेको रूप पालनहार कए
ओहिना बहुतो अर्थ छै "अमित" अन्हार के . . . . ।

{अमित मिश्र}

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